

हरिद्वार। आज मेला–2025 के अंतर्गत कांगड़ा घाट, हरिद्वार में ड्यूटी पर तैनात एसडीआरएफ डीप डाइविंग टीम द्वारा 4 अलग-अलग घटनाओं में चार शिवभक्तों को रेस्क्यू कर सुरक्षित बाहर निकाला गया। यह संपूर्ण रेस्क्यू ऑपरेशन SI पंकज खरोला के कुशल नेतृत्व में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

प्रथम घटना एक भोला गंगा में स्नान कर रहा था। स्नान करते हुए पैर फिसलने से आगे की ओर चले गए , गंगा नदी का बहाव तेज होने के कारण नदी में बहने लगे कावड़ी को डूबता हुआ देखकर एसडीआरएफ टीम जो कि पहले से ही किसी अप्रिय घटना को रोकने लिए नदी के किनारे मुस्तैद है, टीम के सदस्य नीतेश खेतवाल व प्रेम चौहान द्वारा डाइव मारकर डूबते हुए कावड़ी तक पहुंच बनाई तथा टीम के अन्य सदस्यों सुरेश मलासी व सुरेंद्र द्वारा थ्रो बैग और अन्य रेस्क्यू उपकरणों की सहायता से उक्त कावड़ी को शकुशल रेस्क्यू किया गया।द्वितीय घटना एक बालक नदी के किनारे चेन पकड़ कर नहा रहा था अचानक पैर फिसलने से नदी के तेज बहाव में बहने लगा एसडीआरएफ
टीम द्वारा बिना देरी किए तत्काल hc विजय खरोला, शिवम् द्वारा गंगा नदी में डाइव लगाकर डूबते हुए बालक को शकुशल समय रहते रेस्क्यू किया गया रेस्क्यू कार्य में कांस्टेबल कविंद्र,अंकित पाल द्वारा भी अहम योगदान रहा।
वहीं गंगा स्नान के दौरान एक कावड़ी नदी पार करने की कोशिश में नदी में बहने लगा एसडीआरएफ टीम द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए टीम सामंजस्य का उत्कृष्ट उदाहरण पेश किया गया जिसमें एसडीआरएफ टीम से हेड कांस्टेबल आशिक अली अल्प समय में डग्गी की सहायता से डूबते हुए शिवभक्त के पास पहुंचे दूसरे छोर से नीतेश खेतवाल द्वारा डाइव मारकर नदी में तैरकर पहुंच बनाई इसी बीच कांस्टेबल रमेश भट्ट द्वारा नदी के किनारे आगे की ओर भागकर डग्गी तक थ्रो बैग फेंका गया जिसे रेस्क्यू टीम द्वार पकड़ कर उक्त कावड़ी को डग्गी में बिठाया गया टीम के अन्य सदस्यों द्वारा रेस्क्यू टीम और कावड़ी थ्रो बैग की सहायता से किनारे लाया गया । टीम के संयुक्त प्रयास से कावड़ी को शकुशल रेस्क्यू किया गया। इसके अलावा दो दोस्त जो कि गंगा को पार करने की कोशिश कर रहे थे जिनमें से एक ने तो नदी पार कर ली लेकिन दूसरा थककर जैसे ही डूबने लगा SDRF टीम की नजर उस पर पड़ी टीम द्वार त्वरित कार्यवाही करते हुए नदी में डाइव लगाकर टीम द्वारा उसे शकुशल रेस्क्यू किया गया। एसडीआरएफ उत्तराखंड अपनी तत्परता, साहस और कर्तव्यनिष्ठा के लिए जानी जाती है और इस प्रकार की घटनाओं में हर बार अग्रिम पंक्ति में रहकर लोगों की जान बचाने का कार्य करती है।





